इस प्रदेश में सरकारी नौकरियों की बहार।

 

अपने राज्य के युवाओं को नौकरी देना राज्य सरकार का कर्तव्य होता है ! समय-समय पर विभिन्न निकायों के द्वारा रिक्तियां निकाली जाती है, जिससे वहां के राज्य के बेरोजगार युवाओं को काम  मिल सके,  इसी के तहत बिहार पब्लिक सर्विस कमीशन , कर्मचारी चयन आयोग, विधान परिषद , विधानसभा से समय-समय पर रिक्तिया निकालकर युवाओं को नौकरी दी गई है !

 हाल ही में बिहार राजस्व विभाग के द्वारा विभिन्न पदों पर योगदान करवाया गया ! अभी विभिन्न विभागों में खाली  रिक्त पदों पर नियुक्ति हेतु सरकार के पास प्रस्ताव भेजा जा रहा है !

बिहार प्रदेश में पंचायती राज विभाग नौ हजार क्लर्कों की नियुक्ति करेगा। इसके लिए विभाग की ओर से प्रस्ताव बनाया जा रहा है। इन पदों के सृजन की सभी प्रक्रिया पूरी करने के बाद यह प्रस्ताव कैबिनेट में भेजा जाएगा। इसमें इनकी योग्यता आदि तय किये जाएंगे। कैबिनेट की स्वीकृति मिलने के बाद नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। 


विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, लिपिकों की तैनाती पंचायतों में की जाएगी। पंचायतों के कार्यालय में ये बैठेंगे। पंचायतों में हो रहे कार्यों से संबंधित कागजात का पूरा रिकॉर्ड रखेंगे। खर्च का भी हिसाब रखेंगे। पंचायतों में ऐसे कर्मियों की कमी विभाग महसूस कर रहा है। यही देखते हुए इनकी स्थायी नियुक्ति की तैयारी की जा रही है। मालूम हो कि राज्य में 8387 ग्राम पचंयातें हैं। इसी को देखते हुए नौ हजार पदों के सृजन का विभाग ने प्रस्ताव तैयार किया है।


3161 पंचायत सचिव नियुक्त होंगे

मालूम हो कि अभी पंचायतों में सिर्फ पंचायत सचिव ही हैं, जो स्थायी रूप से बहाल हैं। पंचायत सचिवों के भी अधिकांश पद रिक्त हैं। 8387 पंचायतों में करीब 2500 पंचायत सचिव ही अभी कार्यरत हैं। इसी को देखते हुए विभाग ने कर्मचारी चयन आयोग को 3161 पंचायत सचिवों की नियुक्ति की अधियाचना भेजी है। वहीं दूसरी ओर पंचायतों का नियमित रूप से ऑडिट होता रहे, इस मकसद से विभाग ने अंकेक्षक संवर्ग का भी गठन किया है। इसमें 589 पद सृजित किये गए हैं। इनमें 371 अंकेक्षकों की नियुक्ति की अधियाचना बिहार लोक सेवा आयोग को भेजी गई है। इस तरह आने वाले समय में ग्राम पंचायतों में बड़ी संख्या में स्थायी नियुक्ति होगी।

इन तरीकों से बहुत सारे पैसे कमा सकते हैं !

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